शुभांशु शुक्ला: कारगिल के एक 14 साल के लड़के से भारत के दूसरे अंतरिक्ष यात्री तक का सफर अंतिम बार अपडेट किया गया: 10 जुलाई 2026 1984 में राकेश शर्मा के बाद, 41 साल तक कोई भारतीय दोबारा अंतरिक्ष में नहीं गया था। फिर 25 जून 2025 को, लखनऊ के एक लड़के ने, जिसने कभी अपने परिवार को अपनी परीक्षा तक की खबर नहीं होने दी थी, फ्लोरिडा से एक स्पेसक्राफ्ट में सवार होकर उस अंतराल को हमेशा के लिए खत्म कर दिया। यह कहानी है ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला की — भारतीय वायुसेना के एक टेस्ट पायलट से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) में कदम रखने वाले पहले भारतीय बनने तक का सफर।